“अनुसंधान व विकास के क्षेत्र में भारत पर्याप्त क्षमता रखता है और सतत् विकास के लक्ष्य की प्राप्ति के लिए नवाचार और वैज्ञानिक अनुसंधान को प्रोत्साहन एवं अनुकूल माहौल बनाने की आवश्यकता है। शैक्षणिक स्तर पर किये गए प्रयास से इसे गति दी जा सकती है।“- श्री गौतम दासगुप्ता, निदेशक-कैपजेमिनी (SAP)
रायगढ़,(वायरलेस न्यूज़ 16 अप्रैल 2021)
ओपी जिंदल विश्वविद्यालय, रायगढ़ में “औद्योगीकरण और नवाचार” विषय पर वेबिनार का आयोजन 14 अप्रैल, 2021 को किया गया। विश्वविद्यालय के सेंटर फॉर इंडस्ट्री-एकेडमिया कोलैबोरेशन , IEEE स्टूडेंट चैप्टर तथा इंडस्ट्री इनोवेशन कौंसिल (IIC) के सहयोग से आयोजित इस वेबिनार के प्रमुख वक्ता भारत की प्रतिष्ठित कंपनी कैपजेमिनी के निदेशक (SAP ) श्री गौतम दासगुप्ता थे। डॉ सिद्धार्थ चक्रबर्ती, निदेशक -सेंटर फॉर इंडस्ट्री-एकेडमिया कोलैबोरेशन ने बताया की वर्तमान समय में विभिन्न उद्योगों में समस्या-समाधान कौशल के साथ ‘इनोवेटिव माइंड’ के लोगों की मांग बढ़ती जा रही है; साथ ही साथ परियोजना प्रबंधन, लागत-अनुकूलन और समय प्रबंधन के लिए भी ऐसे लोगों की ही आवश्यकता महसूस होती है। इन्ही बिंदुओं को ध्यान में रखते हुए विश्वविद्यालय द्वारा “औद्योगीकरण और नवाचार” विषय पर वेबिनार आयोजित किया गया, जिसका उद्देश्य प्रतिभागियों को नवाचार के लिए प्रोत्साहित करना एवं औद्योगिक नवाचार के लिए उपयोगी माहौल के निर्माण में सहायता करना था।
वेबिनार के आरम्भ में डॉ प्रशांत बोकारे, डीन- स्कूल ऑफ़ इंजीनियरिंग, ओपीजेयू ने अतिथि एवं सभी प्रतिभागियों का स्वागत करते हुए इंडस्ट्री इनोवेशन कौंसिल (IIC ) के बारे में जानकारी प्रदान किया और वर्तमान परिदृश्य में “औद्योगीकरण और नवाचार” विषय पर वेबिनार के आयोजन की आवश्यकता तथा महत्व के बारे में बताया। वेबिनार के प्रमुख वक्ता आईएसएम धनबाद के पूर्व छात्र तथा भारत की प्रतिष्ठित कंपनी कैपजेमिनी के निदेशक (SAP ) श्री गौतम दासगुप्ता ने अपने प्रेजेंटेशन में नवाचार की आवश्यकता के साथ शुरुआत किया और आगे बताया कि कैसे औद्योगीकरण में ‘आईटी युक्त परामर्श ’ ने कंपनियों को अधिक कुशल और लागत प्रभावी तरीके से ग्राहकों की जरूरतों को पूरा करने में सक्षम बनाया। लंबे समय से उद्योग के क्षेत्र में होने के कारण, श्री दासगुप्ता ने बताया की आज के समय में ग्राहक किस तरह के प्रोडक्ट की डिमांड प्रौद्योगिकी से करते हैं। इस प्रकार, अपने समृद्ध अनुभव के आधार पर, श्री दासगुप्ता ने संगठन के लिए सही आईटी का चयन करते समय उद्योग प्रबंधन की चिंताओं पर प्रकश डालते हुए आवश्यक ज्ञान एवं समन्वय की भूमिका बताया। श्री दासगुप्ता ने ओपीजेयू को आवश्यक विषय पर वेबिनार के आयोजन के लिए बधाई देते हुए कहा की अनुसंधान व विकास के क्षेत्र में भारत पर्याप्त क्षमता रखता है और सतत् विकास के लक्ष्य की प्राप्ति के लिए नवाचार और वैज्ञानिक अनुसंधान को प्रोत्साहन एवं अनुकूल माहौल बनाने की आवश्यकता है। शैक्षणिक स्तर पर किये गए प्रयास से इसे गति दी जा सकती है।
ओपी जिंदल विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ आर. डी. पाटीदार ने 150 से अधिक प्रतिभागियों के साथ आयोजित वेबिनार के लिए आयोजकों को बधाई दिया और आशा व्यक्त किया की इस तरह के कार्यक्रमों से नवाचार के क्षेत्र में सीखने के माहौल को बनाए रखने में सहायता मिलेगी और साथ ही साथ ओपीजेयू नवाचार केंद्र को भी लाभ होगा। इस तरह के कार्यक्रम वास्तव में छात्रों के लिए मददगार साबित होंगे और प्रबंधकों के रूप में भविष्य की चुनौतियों का सामना करने के लिए वो तैयार हो सकेंगे। कार्यक्रम के अंत में डॉ सिद्धार्थ चक्रबर्ती, निदेशक -सेंटर फॉर इंडस्ट्री-एकेडमिया कोलैबोरेशन ने विश्वविद्यालय प्रबंधन, अतिथिगण, सभी सहयोगियों एवं सभी प्रतिभागियों के प्रति धन्यवाद ज्ञापित किया। कार्यक्रम का संचालन कंप्यूटर साइंस एन्ड इंजीनियरिंग के प्रोफ़ेसर श्री सौम्य मुखर्जी ने किया।
Author Profile
Latest entries
छत्तीसगढ़August 6, 2026सुप्रीम कोर्ट ने कार्यरत शिक्षकों को TET परीक्षा उत्तीर्ण करने के लिए 31अगस्त 2028 तक का समय-सीमा निर्धारित किया है-राजेश चटर्जी सुप्रीम कोर्ट ने राज्य सरकार को TET परीक्षा आयोजित करने का आदेश दिया है TET परीक्षा उत्तीर्ण नहीं ! हजारों शिक्षकों की नौकरी खतरे में है ?
बिलासपुरAugust 6, 2026कटघोरा–डोंगरगढ़ नई रेल लाइन की स्वीकृति हेतु केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू के प्रयासों के प्रति स्वागत करने कार्यकर्ता हुए सक्रिय
बिलासपुरAugust 5, 2026भंनवारटंक के पास देर रात सड़क किनारे एक तेंदुआ दिखाई दिया, क्षेत्र से गुजरने वाले लोगों में वन विभाग ने सतर्कता बढ़ाई.. देखें विडियो
छत्तीसगढ़August 5, 2026छत्तीसगढ़ आबकारी विभाग की बड़ी कार्रवाई* *ओवररेटिंग मामले में दो आबकारी उप निरीक्षक निलंबित*
