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एमपीआरडीसी की रिपोर्ट के बाद शीघ्र खुल सकता है किरर मार्ग

On: July 22, 2022 1:00 PM
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जनता की परेशानियों को देखते हुए कलेक्टर ने दिये निर्देश–तलब की रिपोर्ट

अनूपपुर /(वायरलेस न्यूज़) विगत 6 जुलाई को भारी बारिश के बाद अनूपपुर- अमरकंटक मार्ग स्थित किरर घाट के सिद्ध बाबा मोड़ में पत्थरों के स्खलन के बाद कलेक्टर सोनिया मीणा ने यात्रियों पर खतरे की आशंका को देखते हुए इस मार्ग को आगामी आदेश तक के लिये बन्द कर दिया था।

राजेन्द्रग्राम, अमरकंटक आने – जाने वालों के लिये वैकल्पिक मार्ग के रुप में बैहार घाट मार्ग होकर यात्रा करने को कहा गया। इससे मार्ग से यात्रा 25 किमी अधिक और बेहद खतरनाक हो जाती है। जिला मुख्यालय आने – जाने वालों की मुसीबत बढ जाती है। समय, धन, मेहनत ,खतरा सब बढने से लोगों में नाराजगी फैलने लगी।
जनता की परेशानियों और यात्रियों को हो रही दिक्कतों को देखते हुए कलेक्टर ने एमपीआरडीसी के अधिकारियों से रिपोर्ट तलब की है। उम्मीद है कि इस रिपोर्ट के बाद किरर घाट मार्ग समुचित निगरानी में सभी के लिये खोल दिया जाएगा।
विशेष उल्लेखनीय है कि कलेक्टर सुश्री मीणा के इस आदेश के तुरन्त बाद एक ओर कांग्रेस जिलाध्यक्ष और पुष्पराजगढ विधायक फुन्देलाल सिंह ने किरर घाट बन्द करने का विरोध करते हुए यह मार्ग जल्दी खोलने की मांग की तो दूसरी ओर जिले के वरिष्ठ समाजसेवी पत्रकार एवं भाजपा नेता मनोज द्विवेदी ने कलेक्टर सुश्री मीणा को लिखा कि किरर घाट में पिछले चालीस साल में पहली बारिश के बाद कभी – कभी ही पत्थर गिरने की घटना होती रही है। पत्थर हमेशा नहीं गिरता । इसलिये इसे लंबे समय के लिये बंद रखना उचित नहीं है। इससे यहाँ के लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
इससे भी खतरनाक बैहार घाट का वैकल्पिक मार्ग है। जहाँ आए दिन दुर्घटना होती है। इससे अमरकंटक / राजेन्द्रग्राम की दूरी 25 km अतिरिक्त बढ़ जाती है।
श्री द्विवेदी ने कलेक्टर से मांग की कि घाट के इस चालीस फुट छोटे हिस्से में दोनों ओर ट्रैफिक पुलिस, वन विभाग और कुछ राजस्व के लोगों को लगा दें। उनकी निगरानी में दिन में सुबह 8 से रात 8 तक मार्ग को पूरी तरह खोल दिया जाए।
कलेक्टर सुश्री मीणा ने एमपीआरडीसी के अधिकारियों के साथ जबलपुर इंजीनियरिंग कालेज से भू स्खलन विशेषज्ञों की टीम को परीक्षण के लिये किरर भेजा। दल में शामिल एन.के.परते, कार्यपालन यंत्री लोक निर्माण विभाग खण्ड अनूपपुर, आशीष पटेल संभागीय प्रबंधक, मुकेश बेले सहायक महाप्रबंधक एम. पी. रोड डेवलपमेंट कार्पोरेशन लिमिटेड शहडोल एवं डीपी द्विवेदी एसडीओ लोनि विभाग अनूपपुर एवं पंकज बागड़ी एसडीओ लोनिवि राजेंद्रग्राम द्वारा किरर घाट मोड़ किमी. 33/6 से 33/8 का संयुक्त निरीक्षण किया गया। मार्ग निरीक्षण के दौरान पाया गया कि मार्ग के बायीं ओर लगभग 200 मीटर लम्बाई एवं औसतन 40 मीटर ऊँचाई में चट्टानों / पत्थरों का संतुलन मिट्टी के कटाव होने के कारण अस्थिर हो गया है। जिसके फलस्वरूप भारी वर्षा होने पर चट्टान / पत्थर असंतुलित होकर मार्ग पर गिरने व यातायात में अवरोध पैदा करने के साथ ही किसी भी प्रकार की दुर्घटना होने की संभावना से भी इंकार नहीं किया गया। इस संबंध में तकनीकी दल द्वारा घाट स्थल पर चट्टानों/ पत्थरो के स्खलन के संबंध में भू विशेषज्ञों से सलाह लेकर सुधार कार्य के लिए आवश्यक सुझाव प्राप्त होते ही तद्नुसार कार्यवाही किये जाने हेतु म०प्र० सडक विकास निगम लिमिटेड मुख्यालय भोपाल से स्वीकृति प्राप्त कर अविलम्ब कलेक्टर को सूचित करने का लेख गठित जांच तकनीकी दल द्वारा प्रस्तुत प्रतिवेदन मे किया गया ।
वहीं दूसरी ओर 16 जुलाई को कमिश्नर राजीव शर्मा ने कलेक्टर सुश्री मीणा , पुलिस अधीक्षक अखिल पटेल, एसडीएम अभिषेक चौधरी एवं अन्य अधिकारियों की उपस्थिति में घाट का अवलोकन किया गया। एक बार फिर पत्रकार मनोज द्विवेदी द्वारा कमिश्नर श्री शर्मा और कलेक्टर सुश्री सोनिया मीणा से समुचित निगरानी में किरर मार्ग शीघ्र खोलने की मांग की गयी।
गुरुवार, 21 जुलाई को विधायक फुन्देलाल सिंह के नेतृत्व में पुष्पराजगढ से बड़ी संख्या में लोग किरर मार्ग को खोलने की मांग को लेकर कलेक्ट्रेट के सामने मुख्यमार्ग को बन्द करते हुए मंत्री बिसाहूलाल सिंह के काफिले को रोक कर भीगते पानी में धरना प्रदर्शन किया गया।
कार्यालयीन सूत्रों के अनुसार 16 जुलाई को हुई समय सीमा की बैठक में कलेक्टर मीणा ने अधिकारियों से किरर मार्ग बन्द करने और बैहार घाट मार्ग के खतरे को लेकर चर्चा करते हुए दो टूक शब्दों में कहा कि किरर मार्ग को लंबे समय के लिये बन्द नहीं किया जा सकता। बैहार घाट मार्ग में आए दिन दुर्घटनाएं हो रही हैं। उन्होंने एमपीआरडीसी के अधिकारियों से अतिशीघ्र रिपोर्ट देने और किरर मार्ग खोलने को कहा था।
पुष्ट सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार 21 जुलाई के धरना प्रदर्शन के बाद आन्दोलनकारियों ने स्वत: किरर मार्ग का अवरोध हटाते हुए मार्ग खोल दिया और इसी मार्ग से वापसी की।
बतलाया जा रहा है कि जिले की जनता और यात्रियों को हो रही परेशानियों को देखते हुए कलेक्टर सुश्री मीणा ने एमपीआरडीसी के अधिकारियों से आज रिपोर्ट तलब की है। माना जा रहा है कि ट्रैफिक पुलिस, राजस्व कर्मियों की देखरेख में निश्चित समय के लिये किरर मार्ग अतिशीघ्र खोला जा सकता है। भू स्खलन के खतरे के बावजूद गरीब ,परेशान आम जनता को इससे बडी राहत मिलने वाली है।

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Amit Mishra
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