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जानलेवा प्लास्टिक: जब सब प्रतिबंधित है तो क्यों दिलाते हैं उपयोग न करने की शपथ? प्रतिबंध का पालन क्यों नहीं कराते?

On: June 4, 2025 7:34 PM
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जानलेवा प्लास्टिक: जब सब प्रतिबंधित है तो क्यों दिलाते हैं उपयोग न करने की शपथ? प्रतिबंध का पालन क्यों नहीं कराते?

रायपुर 4 जून/ ( वायरलेस न्यूज़) विश्व पर्यावरण दिवस 5 जून (जिसकी इस वर्ष की थीम “बीट प्लास्टिक पॉल्यूशन” अर्थात प्लास्टिक पॉल्यूशन को हराना है) की पूर्व संध्या में प्रदेश के सभी जिम्मेदारों से रायपुर निवासी नितिन सिंघवी ने प्रश्न पूछा है कि जब छत्तीसगढ़ में सब प्रकार की प्लास्टिक, पॉलीथिन इत्यादि प्रतिबंधित है और प्रत्येक जिले में 50 से अधिक अधिकारी प्रतिबन्ध लागू करने के लिए अधिकृत हैं तो फिर प्रतिबंध का कड़ाई से लागू करने की बजाय आमजन, बच्चों को प्रतिबंधित प्लास्टिक उपयोग न करने की शपथ क्यों दिलाई जाती है? क्यों नगरी निकाय साल भर एनजीओ को बुलाकर कहते हैं कि जागरूकता फैलाइए कि प्रतिबंधित प्लास्टिक का उपयोग न करें? क्यों मास्टर ट्रेनर बुला करके ट्रेनिंग दिलाई जाती है कि प्रतिबंधित प्लास्टिक का उपयोग न करें? क्यों बर्तन बैंक बनाते है? क्यों कपडे के थेले बांटते हैं? आप तो आयात/निर्माण होने देंगे और आमजन से कहेंगे प्रतिबंधित प्लास्टिक का उपयोग न करें, ऐसा क्यों? अगर प्रतिबंध का कड़ाई से पालन कर लिया जाए तो इन सब की जरूरत ही नहीं पड़ेगी और हमारा प्रदेश प्लास्टिक प्रदूषण मुक्त हो जाएगा। सिंघवी ने कहा कि जलवायु संकट और जैव विविधता को नुकसान के बाद प्लास्टिक प्रदूषण मानव सभ्यता के लिए सबसे बड़ा खतरा बन गया है इससे मानव का अंग-अंग ही नहीं डी.एन.ए. तक प्रभावित हो रहा है और आने वाले समय में यह बहुत घातक होगा। इसे संबंधित अधिकारी गंभीरता से लें और शपथ दिलाने की बजाय प्रतिबंध का पालन कड़ाई से करवाएं, इसी में आमजन, हमारी नदियां, समुद्र, वायुमण्डल, जमीन-मिटटी की भलाई है।

खुलासा करें कहां से आ रहा है?

सिंघवी ने बताया कि अधिकारियों से बात करने पर कहते हैं हमारे यहाँ प्रतिबंधित प्लास्टिक का निर्माण नहीं होता है। अगर ऐसा है हो फिर आमजन को खुलासा किया जाना चाहिए कि सेकड़ों टन जानलेवा प्रतिबंधित प्लाटिक आ कहां से रही है और अधिकारी उसे रोकने में क्यों असमर्थ हैं?

क्या-क्या प्रतिबंध है छत्तीसगढ़ में:

छत्तीसगढ़ में प्लास्टिक प्रतिबंध का इतिहास 11 साल पुराना है। छत्तीसगढ़ प्लास्टिक और अन्य गैर-बायोडिग्रेडेबल सामग्री (उपयोग और निपटान का विनियमन) नियम, 2023 जो कि 09.05.2023 को अधिसूचित किये गए के अनुसार प्रतिबंधित प्लास्टिक से सम्बंधित निम्न प्रतिबंध लागू है:

1. हैंडल सहित और बिना हैंडल वाले प्लास्टिक बैग का निर्माण, उपयोग, परिवहन, वितरण, थोक और खुदरा बिक्री, भंडारण और आयात।
2. प्लास्टिक और थर्मोकोल (पॉलीस्टाइरीन) से निर्मित डिस्पोजेबल उत्पाद जैसे एकल उपयोग डिस्पोजेबल डिश, कप, प्लेट, गिलास, कांटा, कटोरा, कंटेनर, होटलों में भोजन की पैकेजिंग के लिए इस्तेमाल होने वाला डिस्पोजेबल डिश/कटोरा, चम्मच, स्ट्रॉ, नॉन-वोवन पॉलीप्रोपाइलीन बैग, तरल पदार्थ को स्टोर करने के लिए कप/पाउच, उत्पादों को लपेटने या स्टोर करने के लिए प्लास्टिक पैकेजिंग, खाद्य पदार्थों और खाद्यान्न की प्लास्टिक पैकेजिंग। निर्माण, उपयोग, परिवहन, वितरण, थोक और खुदरा बिक्री, सामग्री का भंडारण और आयात आदि।
3. प्लास्टिक के झण्डों सहित सजावट के लिए प्लास्टिक और थर्मोकोल का उपयोग।
4. गुटखा, तम्बाकू और पान मसाला के भंडारण, पैकिंग या बिक्री के लिए प्लास्टिक की थैलियों का उपयोग।
5. अल्प-जीवन पीवीसी और क्लोरीनयुक्त प्लास्टिक, अर्थात् फ्लेक्स, होर्डिंग्स, बैनर, फोम बोर्ड आदि जैसे विज्ञापन और प्रचार सामग्री का उपयोग।
6. PET और PETE बोतल के उपयोग, बिक्री, संग्रहण, निर्माण जब तक कि वो उच्च गुणवत्ता वाले खाद्य ग्रेड वर्जिन बिस्फेनॉल-ए मुक्त सामग्री से न बने हो और उनमे पूर्वनिर्धारित बायबैक मूल्य मुद्रित न हो। इसके लिए निर्माता, ट्रेडर और विक्रयकर्ता को बाय बैक डिपॉजिटरी मैकेनिज्म विकसित करना है और नियम अधिसूचित होने के तीन माह के भीतर कलेक्शन सेंटर इत्यादि भी बनाना है। PET और PETE बोतल के संबंद में कुछ और शर्तें भी हैं।

कपडे समान दिखने वाले कैरीबेग भी प्रतिबंधित हैं:

कपडे के समान दिखने वाले नॉन वूवेन कैरीबेग बेग जो कि सिंथेटिक प्लास्टिक (पालीप्रोप्लिन) के बने होते है और बाइओडिग्रेड्डबल नहीं होते, इनका निर्माण, उपयोग, परिवहन, वितरण, थोक और खुदरा बिक्री, भंडारण और आयात 09.05.2023 की अधिसूचना का पूर्व की अधिसूचना को विलोपित करने के प्रभाव के कारण प्रतिबंधित है। परन्तु इनका निर्माण, विक्रय, उपयोग सब हो रहा है।

कौन कौन सक्षम प्राधिकारी/नामित अधिकारी जिम्मेदार है प्रतिबन्ध लागू कराने के लिए:

(क) नगर निगम आयुक्त, उप नगर निगम आयुक्त, दुकान एवं स्थापना अधिकारी एवं निरीक्षक, स्वच्छता निरीक्षक, स्वास्थ्य निरीक्षक, स्वास्थ्य अधिकारी, वार्ड अधिकारी या नगर निगम आयुक्त द्वारा नामित कोई अन्य अधिकारी तथा सभी नगर परिषदों के मुख्य अधिकारी एवं मुख्य अधिकारी द्वारा नामित कोई अन्य अधिकारी अपने-अपने क्षेत्राधिकार में उक्त नियमों के प्रावधानों को लागू करने के लिए अधिकृत हैं।
(ख) जिला कलेक्टर, डिप्टी कलेक्टर, अनुविभागीय अधिकारी, तहसीलदार एवं कलेक्टर द्वारा नामित कोई अन्य अधिकारी अपने-अपने क्षेत्राधिकार में उक्त नियमों के प्रावधानों को लागू करने के लिए अधिकृत हैं।
(ग) मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला परिषद, खंड विकास अधिकारी, स्वास्थ्य अधिकारी, विकास अधिकारी, जिला शिक्षा अधिकारी, खंड शिक्षा अधिकारी एवं ग्राम सेवक अपने-अपने क्षेत्राधिकार में उक्त नियमों के प्रावधानों को लागू करने के लिए अधिकृत हैं।
(घ) छत्तीसगढ़ पर्यावरण संरक्षण बोर्ड के अध्यक्ष, सदस्य-सचिव, क्षेत्रीय अधिकारी एवं वर्ग-I एवं वर्ग-II के वैज्ञानिक, रसायनज्ञ एवं इंजीनियर।
(ङ) संयुक्त सचिव, आवास एवं पर्यावरण विभाग, छत्तीसगढ़ शासन।
(च) संचालक, स्वास्थ्य सेवाएँ; उप संचालक, स्वास्थ्य सेवाएँ, मुख्य चिकित्सा अधिकारी, स्वास्थ्य अधिकारी।
(छ) संचालक, प्राथमिक एवं माध्यमिक शिक्षा बोर्ड।
(ज) पुलिस निरीक्षक, पुलिस उपनिरीक्षक, मोटरयान निरीक्षक, यातायात पुलिस, प्रबंध निदेशक, छत्तीसगढ़ पर्यटन बोर्ड या प्रबंध निदेशक, छत्तीसगढ़ पर्यटन बोर्ड द्वारा प्राधिकृत कोई अन्य अधिकारी।
(झ) उपायुक्त (आपूर्ति), जिला आपूर्ति अधिकारी।
(ञ) आयुक्त राज्य कर एवं समस्त राज्य कर अधिकारी।
(ट) समस्त जिला आबकारी अधिकारी, आबकारी विभाग।
(ठ) परिक्षेत्र वन अधिकारी या उप वन संरक्षक द्वारा प्राधिकृत कोई अन्य अधिकारी।
(ड) रेलवे एवं हवाई अड्डा प्राधिकरण द्वारा नामित कोई भी अधिकारी

किन पर लागू है प्रतिबन्ध:

इन नियमों के तहत लगाए गए प्रतिबंध छत्तीसगढ़ राज्य के प्रत्येक व्यक्ति, व्यक्तियों के निकाय, सरकारी और गैर-सरकारी संगठन, मालिकों, अधिभोगियों, शैक्षणिक संस्थान, खेल परिसर, क्लब, सिनेमा हॉल और थिएटर, विवाह/उत्सव हॉल, औद्योगिक इकाइयों, वाणिज्यिक संस्थानों, कार्यालयों, तीर्थ यात्रा आयोजकों, तीर्थ और धार्मिक स्थानों, होटल, ढाबों, दुकानदारों, मॉल, वेंडर या विक्रेता, दुकानों और प्रतिष्ठानों, व्यापारियों, स्ट्रीट वेंडर्स, निर्माताओं, कैटरर, थोक विक्रेताओं, खुदरा विक्रेताओं, स्टॉकिस्ट, व्यवसायी, फेरीवाले, सेल्समैन, ट्रांसपोर्टर, बाजार, उत्पादकों, स्टॉल, पर्यटन स्थल, वन और आरक्षित वन, खदानों, पर्यावरण के प्रति संवेदनशील क्षेत्रों, सभी सार्वजनिक स्थानों, बस स्टैंड, रेलवे स्टेशनों, हवाई अड्डों पर लागू होंगे।

नितिन सिंघवी
9826126200

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Amit Mishra
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