खाकी की मानवीय संवेदनाः
चक्रधरनगर पुलिस ने मानसिक विक्षिप्त महिला को मनोरोग अस्पताल में कराया भर्ती
रायगढ़। (वायरलेस न्यूज) पुलिसकर्मियों के मानवीय कार्य से समाज में पुलिस की छवि अच्छी बनती है। कई बार जिला पुलिस के अधिकारियों को ड्यूटी के साथ-साथ इन्सानियत के कार्य करते देखा गया है। ऐसा ही एक मानवीय कार्य थाना प्रभारी चक्रधरनगर निरीक्षक प्रशांत राव आहेर से देखने मिला। उन्होंने क्षेत्र की मानसिक रूप से अस्वस्थ महिला के ईलाज में मदद की गुहार लेकर थाने आये व्यक्ति को निराशा नहीं किये और अस्वस्थ व बेसहारा महिला की मदद कर उसे शीघ्र उचित उपचार के लिए सेंदरी बिलासपुर अस्पताल में भर्ती कराया ताकि वह स्वस्थ्य होकर सामान्य रूप से जीवन यापन कर सके।
दरअसल कुछ दिनों पहले थानाक्षेत्र में निवासरत मानसिक रूप से अस्वस्थ महिला (30 साल) को उसके मामा लेकर थाना चक्रधरनगर आया और थाना प्रभारी निरीक्षक प्रशांत राव आहेर से अपनी व्यथा बताया कि उनकी भांजी आशा ( परिवर्तित नाम) के माता-पिता और पति का देहांत हो गया। आशा की दिमागी स्थिति ठीक नहीं होने से अपने स्तर पर ईलाज कराया, ठीक नहीं हुई। घर की आर्थिक स्थिति ठीक नहीं है, आगे आशा के ईलाज में मदद की आस लेकर थाना आया है। थाना प्रभारी आशा की दशा देखकर उसके मामा को ईलाज में मदद का आश्वासन दिये। तत्पश्चात थाना प्रभारी द्वारा आशा के उचित ईलाज के लिये आवेदन तैयार कराकर मेडिकल कॉलेज के मनोरोग विशेषज्ञ डॉ0 राजेश अजगल्ले से आशा की जांच कराए। डॉक्टर ने आशा का मनोरोगी अस्पताल में ईलाज कराये जाने की मशवरा दिये जाने पर थाना प्रभारी ने आशा को माननीय न्यायालय में पेश किया गया। न्यायालय से अनुमति मिलने पर आज चक्रधरनगर थाने की महिला स्टाफ के मार्फत आशा को राज्य मानसिक चिकित्सालय सेंदरी में बेहतर ईलाज के लिये भर्ती कराया गया। क्षेत्र के रहवासी चक्रधरनगर पुलिस की इस पहल की सराहना की जा रही है।
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