रेल रोको आंदोलन मे शामिल कांग्रेसी नेताओं को नोटिस जारी
विडियो फुटेज के आधार पर पहचान कर आरपीएफ भेज रहा नोटिस

बिलासपुर (अमित मिश्रा वायरलेस न्यूज) लंबे समय से ट्रेनों की बिगडी चाल को लेकर बीते वर्ष 13 सितंबर को रायगढ रेलवे स्टेशन पर प्रदर्शन व स्टेशन अधीक्षक को ज्ञापन सौंपने वाल सभी कांग्रेसी नेताओं पर कानूनी कार्रवाई शुरु हो गई है।

आरपीएफ ने आंदोलन मे शामिल सभी नेताओं को उक्त तिथि की विडियो फुटेज से पहचान कर रेलवे एक्ट की धारा 174 ए के अंतर्गत नोटिस भेजना शुरु कर दिया है। यद्यपि कांग्रेसी इस कार्रवाई से हतप्रभ हैं और उनका कहना है कि उन्होने ना तो ट्रेन रोकी और ना ही कोई ऐसी गतिविधि को अंजाम दिया जिसमे रेलवे की सम्पत्ति को क्षति पंहुची हो !

जबकि आरपीएफ प्रभारी राजेश वर्मा के मुताबिक कांग्रेसी नेताओं के इस आंदोलन के कारण कुछ महत्वपूर्ण ट्रेनों का रुट बदलने की नौबत आ गई थी और रेल सेवा प्रभावित हुई थी।
इस कार्रवाई के संबंध मे जानकारी देते हुए आरपीएफ प्रभारी राजेश वर्मा ने बताया कि रेल आंदोलन से जुडे कई मामलों मे एकसाथ पूरे प्रदेश मे आर्डर आफ कमांड के तहत कार्रवाई की जा रही है। इसमे केवल रायगढ ही नहीं बल्कि छग के अन्य जिले भी शामिल हैं। श्री वर्मा ने बताया कि रायगढ रेलवे स्टेशन पर 13 सितंबर 2023 को कांग्रेसी नेताओं ने विरोध प्रदर्शन किया था। जिसकी विडियो फुटेज के आधार पर पहचान कर आंदोलन मे शामिल सभी लोगों को नोटिस भेजा जा रहा है। इस मामले में सभी अभियुक्तों को बिलासपुर न्यायालय में पेश किया जाएगा। आरपीएफ प्रभारी ने कहा कि आंदोलन के कई महीने बाद इस तरह कार्रवाई होने से कांग्रेस के नेताओं मे परेशानी नजर आना लाजिमी है।
चेहरा पहचानकर नोटिस तामिल-वर्मा
आरपीएफ प्रभारी राजेश वर्मा ने बताया कि बीते वर्ष सितंबर मे रायगढ रेलवे स्टेशन पर जिन कांग्रेसी नेताओं ने प्रदर्शन किया था उनके चेहरे घटना दिनांक के विडियो फुटेज के आधार पर पहचान कर नोटिस भेजने की कार्रवाई शुरु हुई है। करीब आधा दर्जन को नोटिस जारी किया जा चुका है। यह कार्यवाही पूरे प्रदेश मे रेल बाधा से जुडे मामलों मे की जा रही है।
दबाव मे कार्रवाई-अनिल
जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष अनिल शुक्ला ने कहा कि रेलवे स्टेशन में प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस ने कहीं भी रेल सेवा या रेल सम्पत्ति को नुकसान नहीं पंहुचाया। कांग्रेसी नेताओं ने नारेबाजी करते हुए स्टेशन मास्टर को ज्ञापन सौंपा था। अब इतने समय बाद किस दबाव मे और किस आरोप के अंतर्गत नोटिस भेजा जा रहा है ! यह आश्चर्यजनक है।
Author Profile

- अमित मिश्रा ने वर्ष 1984 से पत्रकारिता को अपने कर्मक्षेत्र के रूप में अपनाया और तब से लगातार पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। चार दशकों से अधिक की उनकी यह यात्रा समाचार, समाज और जनसरोकारों से जुड़े मुद्दों को मजबूती से सामने रखने के प्रति उनकी प्रतिबद्धता को दर्शाती है।
Latest entries
छत्तीसगढ़September 21, 2026बिलासपुर के ‘अमर’ रिश्ते की कहानी… जनसेवा के सफर के नाम एक और साल, आज जन्मदिन पर शुभकामनाओं से गूंजेगा शहर, समर्थकों और शुभचिंतकों में उत्साह
बिलासपुरSeptember 21, 202611वें आयुर्वेद दिवस के उपलक्ष्य में सेमिनार एवं कार्यशाला आयोजित “स्वस्थ भविष्य के लिए आयुर्वेद” का संदेश देते हुए म्यूजिक थेरेपी, पंचकर्म एवं अग्निकर्म का व्यावहारिक प्रशिक्षण
छत्तीसगढ़September 21, 20262.39 करोड़ रुपये की कथित धोखाधड़ी में मां शक्ति स्टील ट्रेडर्स का संचालक गिरफ्तारराहुल गोयल की शिकायत पर अंबिकापुर कोतवाली में दर्ज था मामला, गुदरी चौक से पुलिस ने सुजीत जायसवाल को पकड़ा
राष्ट्रीयSeptember 21, 2026भारतीय प्रवासी परिवारों के बदलते सामाजिक स्वरूप और पारिवारिक कल्याण पर हैदराबाद में अंतरराष्ट्रीय मंथन

