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महिला दिवस विशेष – महिला थाना में महिलाओं को नही पुरुषों को न्याय मिलता है कप्तान साहब ? और तो और यहां वसूली बाज काउंसलर भी पीड़ित महिलाओं का साथ नही देती

On: March 8, 2024 7:14 AM

बिलासपुर (वायरलेस न्यूज़) कप्तान साहब बिलासपुर पुलिसिंग व्यवस्था में व्यापक सुधार की जरूरत है हालांकि निजात कार्यक्रम के माध्यम से अच्छे परिणाम जरूर सामने आए हैं,  लेकिन बिलासपुर के सभी थानों में समय समय पर सुधार तो होते ही रहते है लेकिन किसी भी पुलिस अधीक्षक का ध्यान महिला थाना की तरफ क्यों नहीं जाता है ? जबकि महिलाओं का उत्पीडन लगातार बढ़ते जा रहे हैं और इसी वजह से इस थाना में हमेशा भीड़ लगी रहती है पीड़ित महिलाओं से हमने यदाकदा जब भी पूछा है तो यही कहते हुए सुनने को मिलता है की वहां के स्टाफ का रुख हमेशा महिलाओ की तरफ ही रहता है , आरोपी पुरुष यहां के स्टाफ को प्रभावित कर ही लेते है, जिससे उन्हें न्याय नहीं मिल पाता।

यहां लम्बे समय से बिलासपुर  महिला थाना के टी आई जमी हुई है पीड़ित पुरुषों को अपने  मन मुताबिक वकील करने दबाव बनाती रहती हैं ऐसा हमेशा सुनने को मिलता रहता है, ऐसे में उन्हें तत्काल हटाने की जरूरत है इनका कार्य संदेहात्मक है कहने को यह महिला थाना है यहां महिलाओं का नही पुरुषों को ही न्याय मिलता है। इस थाना में मुंह जली और ए एस आई को भी हटाने की जरूरत है इनकी शिकायत बहुत है हाल ही में एक दो स्टाफ का तबादला हुआ उस समय भी महिला थाना की गतिविधियों की शिकायत भी उन लोगों ने किया था ,फिर भी जोर शोर वसूली पीड़ितों से की जा रही है, इन सब के बावजूद कांग्रेस के सरकार चली गई लेकिन कांग्रेसी वसूली काउंसलर अभी भी बैठे है जो पूरे महिला थाना स्टाफ के साथ मिलकर कंधे से कंधा मिलाकर चल रहे हैं।
यहां थाने में पीड़ित महिलाओं के साथ न्याय की बजाय उल्टा ताना बाना कसा जाता है और आरोप लगे पुरुषो से खुलकर वसूली की जा रही है । एक पीड़िता महिला ने बताया कि मैं व्यक्तिगत एस पी साहब से मिलकर अपनी आप बीती बताकर कार्यवाही हेतु कागज़ दी उन्हें एस पी साहब ने मार्क कर महिला थाना भेज कार्यवाही हेतु अग्रषेत किया ,जिस पर टी आई ने पीड़िता से कहा ऊपर के अधिकारी से मिलने का मुझ पर असर नहीं पड़ता है! और पीड़िता ने कहा कि स्टाफ मुझसे पैसे की मांग करते है नही देने पर लड़के पक्ष पर मेहरबान दिखे।

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Amit Mishra
Amit Mishra
अमित मिश्रा ने वर्ष 1984 से पत्रकारिता को अपने कर्मक्षेत्र के रूप में अपनाया और तब से लगातार पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। चार दशकों से अधिक की उनकी यह यात्रा समाचार, समाज और जनसरोकारों से जुड़े मुद्दों को मजबूती से सामने रखने के प्रति उनकी प्रतिबद्धता को दर्शाती है।
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