बिलासपुर (वायरलेस न्यूज़) बिलासपुर से आए सीसीएफ (वन्यजीव) एस.जगदीशन व (सीसीएफ रेगुलर) नावेद सुजाउद्दीन ने आज पोरिया-अमलडीहा जाकर बीमार हाथी का हालचाल जाना। इस दौरान अधिकारियों ने हाथी की जान को बचाने के लिए बेहतर से बेहतर उपचार कराने तथा उसकी लगातार निगरानी करते रहने का निर्देश कोरबा वनमंडल के अधिकारियों को दिये।
सीसीएफ द्वय आज सुबह कोरबा पहुंचे और यहां वनमंडल कार्यालय में कुछ देर रूकने तथा अधिकारियों से चर्चा करने के बाद सीधे कुदमुरा वन परिक्षेत्र के अमलडीहा रवाना हो गए। वहां पहुंचने के बाद अधिकारियों ने बीमारी हाथी को देखा और उसका उपचार कर रहे डॉक्टरों व वन विभाग के अधिकारियों व कर्मचारियों से उसके स्वास्थ्य के संबंध में जानकारी ली। इस दौरान कोरबा डीएफओ श्रीमती प्रियंका पांडेय, उप वनमंडलाधिकारी आशीष खेलवार, रेंजर संजय लकड़ा उनके साथ थे। कोरबा वनमंडल के कुदमुरा रेंज के ग्राम पोरिया-अमलडीहा के जंगल में धरमजयगढ़ क्षेत्र से दूसरी बार पहुंची उम्रदराज हाथी बीमार हो गई है। वन विभाग के अधिकारियों द्वारा उसका लगातार इलाज करवाया जा रहा है। कोरबा के पशु चिकित्सक डॉ. गुर्जर व सोनी विशेषज्ञ डॉक्टरों की सलाह पर पिछले पांच दिनों से बीमार हाथी का इलाज कर रहे हैं। हाथी को लगातार दवाएं दी जा रही है लेकिन अभी तक उसकी स्थिति में कोई सुधार नहीं हो पाया है। बीमार मादा हाथी अभी भी अपने पैरों पर खड़ा नहीं हो पा रही है। अभी भी वह जंगल में चित पड़ी हुई है। हाथी के स्वास्थ्य में सुधार ना होता देख वन विभाग के अधिकारी भी काफी चिंतित हैं।
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