—————————–
*डॉ.प्रद्युम्न सिन्हा ने किया*
*केशव शुक्ला का सम्मान*
—————————————
*बिलासपुर/* ( वायरलेस न्यूज़) राष्ट्र सृजन अभियान के प्रमुख डॉ.प्रद्युम्न कुमार सिन्हा ने नगर के वरिष्ठ पत्रकार साहित्यकार केशव शुक्ला का सम्मान होटल जीत कांटिनेंटल के कक्ष में किया।
नई दिल्ली से आये डॉ.सिन्हा ने अंगवस्त्र,आदि शंकराचार्य की तस्वीर ,सिध्द माला,तिरुपति बालाजी का प्रसाद आदि सामग्री भेंट कर श्री शुक्ला का सम्मान किया।
इस अवसर पर उन्होंने राष्ट्र सृजन अभियान की गतिविधियां पर प्रकाश डालते हुए कहा-बिहार के जहानाबाद जिला के ग्राम खलकोचक के महान स्वतंत्रता संग्राम सेनानी ददाश्री रामविलास सिंह ने ‘ सृजन क्रांति ‘ का नारा दिया और ‘ राष्ट्र सृजन अभियान ‘ की स्थापना की। राष्ट्र सृजन अभियान का प्रमुख ” लक्ष्य बेहतर मैं, बेहतर हम, बेहतर भारत, बेहतर विश्व है।” यह अभियान आज देश भर में चलाया जा रहा है।
वर्तमान में राष्ट्र सृजन अभियान नई दिल्ली के प्रमुख डॉ.प्रद्युम्न कुमार सिन्हा जी हैं।
वे नगर में स्व.अमरनाथ शताब्दी समारोह ,अखिल भारतीय विकलांग परिषद सत्रहवीं संगोष्ठी तथा थावे विद्यापीठ गोपालगंज बिहार के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित समारोह में शामिल होने आए।
इस मौके पर केशव शुक्ला ने अपने दो किन्नर केंद्रित उपन्यास मुई मरजानी एवं सज रही गली मेरी माँ तथा पत्रकारिता केंद्रित चलते-चलते की प्रति उन्हें भेंट की।इस समय विश्व हिंदी परिषद नई दिल्ली के छत्तीसगढ़ प्रकोष्ठ की अध्यक्ष डॉ.संगीता बनाफर,छत्तीसगढ़ प्रकोष्ठ के मीडिया प्रभारी शिवमंगल शुक्ला ,छत्तीसगढ़ स्नास्कृतिक प्रकोष्ठ की अध्यक्ष डॉ.आभा गुप्ता साहित्यकार राजेंद्र रूंगटा आदि उपस्थित रहे हैं।
Author Profile

- अमित मिश्रा ने वर्ष 1984 से पत्रकारिता को अपने कर्मक्षेत्र के रूप में अपनाया और तब से लगातार पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। चार दशकों से अधिक की उनकी यह यात्रा समाचार, समाज और जनसरोकारों से जुड़े मुद्दों को मजबूती से सामने रखने के प्रति उनकी प्रतिबद्धता को दर्शाती है।
Latest entries
बिलासपुरAugust 12, 2026लोक कलाओं के संरक्षण और कलाकारों के आर्थिक सशक्तीकरण की दिशा में संस्कृति विभाग की अभिनव पहल
बिलासपुरAugust 11, 2026कॉलेजों में बनेंगे इलेक्टोरल लिटरेसी क्लब
बिलासपुरAugust 10, 2026सैनिकों के सम्मान में स्काउट्स-गाइड्स का ‘रक्षा सूत्र अभियान’
बिलासपुरAugust 10, 2026सफलता की कहानीसरस्वती साइकिल योजना से हंसिका के लिए शिक्षा की राह हुई आसान



