*कादल नाला*
ट्रैकिंग एंड ट्रेनिंग प्रोग्राम 14/12/2025 को रिकॉर्ड
180 प्रतिभागियों के साथ सम्पन्न हुआ.
सुबह 7 बजे नेहरू चौक बिलासपुर से कमांडर संदीप मुरारका ने yhai फ्लैग दिखा कर प्रतिभागियों को रवाना किया
इसमें इंजीरिंग कॉलेज बिलासपुर के 87 प्रतिभागी शामिल हुए इसमें प्रोफेसर, असिस्टेंट प्रोफेसर, स्टूडेंट्स व स्टाफ थे।
बिलासपुर (वायरलेस न्यूज) कादल नाला चैतूरगड़ पहाड़ की तराई में पड़ता है जिसमें साल भर जल धारा बहती है ये आगे जा कर जवास नदी में मिल जाती है जो अपरा नदी की सहायक नदी है ।
मनमोहक दृश्यों का आनंद लेते हुए प्रतिभागी कादल के किनारे चलते हुए विभिन्न प्रजाति के पेड़ पौधों की जानकारी लेते रहे ।
यहां अलग अलग धातु के पत्थरों का अध्ययन भी ट्रैकिंग के दौरान किया गया । कॉलेज ग्रुप से गए एन एस एस के स्टूडेंस ने रास्ते में पड़े प्लास्टिक वेस्ट कलेक्ट कर जंगल की सफाई में अपना योगदान दिया ,
कुछ जगह छोटे छोटे झरने भी पड़े जिनमें फोटोग्राफी करते हुए प्रतिभागी वापस बेस कैंप पहुंचे।
यह ट्रैकिंग लगभग 8 km की थी बेस कैंप पहुंच कर सभी ने दोपहर का भोजन किया जो लोगों के द्वारा किया तैयार किया गया था।
यूथ हॉस्टल द्वारा इस तरह के ट्रैकिंग प्रोग्राम का आयोजन करने का उद्देश्य लोगों को प्रकृति के करीब लाना , उनके व्यक्तिव विकास और आत्मबल में बढ़ोतरी करने का प्रयास करना है ,
कैसे कठिन परिस्थितियों में सहभागिता के साथ एक दूसरे का सहयोग करते हुए आगे बढ़े और हर परिस्थित का सामना करे ।
कार्यक्रम के अंत में बेस्ट कोऑर्डिनेशन के लिए कुछ लीडर्स को पुरस्कार भी दिए गए।
समापन में इंजीरिंग कॉलेज के पूर्व प्राचार्य डॉ बी एस चावला ने सभी को अपने ट्रैकिंग अनुभव साझा किए , डॉ अजय श्रीवास्तव जी ने भी प्रतिभागियों को संबोधित किया ।
ये ट्रैकिंग प्रोग्राम छत्तीसगढ़ स्टेट का सबसे बड़ा प्रोग्राम था इसमें 180 प्रतिभागी शामिल थे।
इस प्रोग्राम को सफल बनाने में छत्तीसगढ़ स्टेट चेयरमैन श्री संदीप सेठ , यूनिट के अध्यक्ष श्री भास्कर चौरसिया जी , नीरज पाण्डेय , दुष्यंत साहू , समीर अहमद , मंसूर खान , देवेंद्र बारीक , आशीष खंडेलवाल ,राजेश मंगल एवं वन मंडल कटघोरा के वन अधिकारियों का महत्वपूर्ण योगदान रहा।
उपरोक्त जानकारी वाई एच आई बिलासपुर यूनिट के सह सचिव मंसूर खान ने दी।
Author Profile

- अमित मिश्रा ने वर्ष 1984 से पत्रकारिता को अपने कर्मक्षेत्र के रूप में अपनाया और तब से लगातार पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। चार दशकों से अधिक की उनकी यह यात्रा समाचार, समाज और जनसरोकारों से जुड़े मुद्दों को मजबूती से सामने रखने के प्रति उनकी प्रतिबद्धता को दर्शाती है।
Latest entries
छत्तीसगढ़August 15, 2026शुद्धिकरण” घटना – केवल मल्लिकार्जुन खड़गे का अपमान नहीं बल्कि देश के करोड़ों दलितों और वंचितों का अपमान : भगवानू
छत्तीसगढ़August 15, 2026मद्रासी रेस्टोरेंट को अस्वास्थ्यकर दशा में खाद्य पदार्थ बनाने के कारण लाइसेंस को तत्काल प्रभाव से निलंबित किया
बिलासपुरAugust 14, 2026हर घर तिरंगा अभियान के तहत एसईसीएल मुख्यालय में तिरंगा रैली का भव्य आयोजन
अन्यAugust 14, 202615 अगस्त से शुरू होगा “साइबर जागृति अभियान”, छत्तीसगढ़ को बनाएंगे साइबर क्राइम मुक्त “साइबर जागृति की एक सेल्फी” 7 हफ्ते चलेगा छत्तीसगढ़ पुलिस का अनोखा अभियान

