*नए अधीक्षक ने बदले हालात*

बिलासपुर (अमित मिश्रा वायरलेस न्यूज़)/ कानन पेंडारी जू में कुछ महीनों पूर्व वन्यजीव महफ़ूज नहीं थे पर अब वन प्रबंधन ने विशेष देखभाल की मुहिम आरंभ कर दी है।इससे जू की व्यवस्था सुधार की ओर निरंतर अग्रसर है। यह सुकून देने वाली खबर है।

उजाड़ होता कानन पेंडारी जू एक बार फिर सुधार की दिशा में बढ़ते दिखाई देने लगा है ।
बढ़ती गर्मी को देखते हुए जू प्रबंधन ने वन्यजीवों के लिए जगह-जगह स्प्रिंकलर लगाए हैं।

इससे जानवरों पर धीरे-धीरे छिड़काव किए जाने से वन्य जीव प्रफुल्लित दिखाई दे रहे हैं।

वहीं भालू के केज में गेंदनुमा खिलौने लटकाए गए हैं , भालू बड़े मजे से गेंद से खेलते नजर आ जाते हैं।

तेंदुओं के केज में सीढ़ीदार झूले बांधे गए हैं यहां पर तेंदुओं को अठखेलियाँ करते देखे जा सकते हैं।वन्यजीवों को गर्मी से बचाने जगह-जगह ग्रीननेट भी लगाए गए हैं।

बाघ के केज में कूलर लगा दिए गए हैं।आज एक बहुत सूंदर तस्वीर कानन जूं की प्राप्त हुई है जिसमें हिप्पो तालाब में डूबा हुआ है और ऊपर से उस पर फौव्हारे से पानी बरस रहा है।

हिप्पो बीच में मुंह खोलकर पानी पीते भी दिखाई दे रहा है।जो लोग एकाएक इस मूवमेंट को देखेंगे वे बिना मोहित हुए नहीं रह सकेंगे।

इस समय जू में चारों तरफ शीतल वातावरण छाया हुआ है।
पक्षियों के केज के चारों तरफ खस की चटाई लगाई गई है।उनके केज के माहौल को इस प्रकार ठंडा रखने का पूरा इंतजाम किया गया है।
*नए अधीक्षक ने बदले हालात*

नवनियुक्त जू अधीक्षक संजय लूथर ने प्रभार सम्हालते ही सबसे पहले वन्यजीवों की देखरेख एवं खानपान पर विशेष ध्यान दिया है। जू में पुराने जंग लगे पाइप लाइन को उन्होंने आते ही दुरुस्तीकरण में कर्मचारियों को लगाया।साथ ही दो नए बोर की खुदाई भी कराई।
श्री लूथर ने बताया कि हमारी एक समस्या है कि हिरणों की संख्या बाड़े में बहुत अधिक है।उच्च अधिकारियों की सलाह से उनकी शिफ्टिंग की व्यवस्था की जाएगी क्योंकि बाड़े में भीड़ होने से हिरणों के बीच लड़ाई का अंदेशा हमेशा बना रहता है।लड़ाई के चलते बहुत से चीतलों की मौत भी हो जाती है।कोरोना जैसी महामारी को देखते हुए जू किपरों को विशेष नजर रखे जाने की हिदायत दी गई है।