🇮🇳Odia
अन्तर्राष्ट्रीय अपराध खेल जगत छत्तीसगढ़ धर्म-कला-संस्कृति बिलासपुर मध्य प्रदेश महाराष्ट्र राष्ट्रीय रेलवे साक्षात्कार हाईकोर्ट अन्य

सीएचसी तमनार व ओपी जिंदल हॉस्पिटल एंड रिसर्च सेंटर को मिलेगा प्रशस्ति पत्र,  गणतंत्र दिवस पर प्रशस्ति पत्र से सम्मानित होंगे जिलों में 49 शासकीय व 9 निजी अस्पताल

On: January 23, 2021 7:00 PM

रायगढ़(अनिल आहूजा वायरलेस न्यूज़) 23 जनवरी 2021। जरुरतमंद लोगों को अस्पतालों में कैशलेस स्वास्थ्य सुविधाएं देने में बेहतर प्रदर्शन करने पर गणतंत्र दिवस समारोह में प्रदेश के 49 शासकीय और 9 निजी अस्पतालों को आयुष्मान भारत प्रधान मंत्री जन आरोग्य योजना (एबीपीएमजेएवाई) सर्टिफिकेट प्रदान की जाएगी। यह प्रशस्ति पत्र जिलों में आयोजित होने वाले गणतंत्र दिवस समारोह पर दिये जायेगें।
शासकीय व निजी अस्पतालों में डॉ. खूबचंद बघेल स्वास्थ्य सहायता योजना- आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना में शीर्ष प्रदर्शन करने वाले अस्पतालों को सम्मानित किया जाएगा। प्रदेश के 49 शासकीय अस्पतालों में सुपर स्पेशलिस्ट अस्पताल, मेडिकल कॉलेज, जिला अस्पताल, सिविल अस्पताल, सीएचसी, पीएचसी व 9 निजी नर्सिंग होम व अस्पतालों सहित 58 अस्पतालों को योजना के बेहतर क्रियांवयन के तहत चयनित किया गया है। राजधानी में एम्स रायपुर, डीकेएस पीजीआई, पीएचसी खोरपा, बाल्को मेडिकल सेंटर को प्रशस्ति पत्र प्रदान किया जाएगा। इसी तरह जिला अस्पतालों में बीजापुर, दुर्ग, कांकेर, नारायणपुर, और सुरजपुर को भी सम्मानित किया जाएगा। बस्तर संभाग मुख्यालय में स्थित बलीराम कश्यप स्मृति मेडिकल कॉलेज, जगदलपुर ने कैशलेस योजना के माध्यम से इलाज के लिए बेहतर सुविधाएं प्रदान किया है।
डॉ. खूबचंद बघेल स्वास्थ्य सहायता योजना-आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के अतिरिक्त सीईओ डॉ श्रीकांत राजीमवाले ने बताया, राज्य नोडल एजेन्सी द्वारा संचालित योजनाओं के माध्यम से अब तक कुल 10, 01,390 हितग्राहियों को विभिन्न अस्पतलों में स्वास्थ्य लाभ कैशलेस दिया गया है। डॉ राजीमवाले ने कहा, योजना के तहत हर व्यक्ति को कैशलेस इलाज की सुविधाएं प्रदान करने में अच्छी सफलता मिल रही है। योजना के संचालन में अस्पतालों को प्रोत्साहित करने प्रशस्ति पत्र प्रदान किया जा रहा है।
इसी तरह रायगढ़ जिले में सीएचसी तमनार, बालोद जिले में सीएचसी डौंडी, बलौदाबाजार में सीएचसी भाटापारा व सुहेला, बलरामपुर में सीएचसी रामानुजगंज व पीएचसी जामवंतपुर, बेमेतरा में पीएचसी खेंडसरा, बीजापुर में सीएचसी भैरमगढ़, पीएचसी कुटरु, बिलासपुर में सीएचसी बिल्हाव कोटा, दंतेवाड़ा में सीएचसी गीदम, एमसीएच गीदम, धमतरी में सीएचसी मगरलोड व कोर्रा, दुर्ग में सीएचसी उतई, गरियाबंद में सीएचसी छुरा व पीएचसी रसेला, गौरेला-पेंड्रा में सीएचसी पेंड्रा, जांजगीर-चांपा में सीएसी शक्ति व बलौदा, जशपुर में सीएचसी पत्थलगांव व फरसाबहार, पीएचसी भेलवन, कबीरधाम में सीएचसी पिपरिया, कांकेर में सिविल अस्पताल पखांजुर, सीएचसी बंदे, कोंडागांव में सीएचसी केशकाल व एमसीएच कोंडागांव, कोरबा में पीएचसी कोरबा, कोरिया में सीएचसी खंडगवां, पीएचसी कटगोडीव पटना, महासमुंद में पीएचसी झलप, मुंगेली में सीएचसी लोरमी, रायपुर में खोरपा, राजनांदगांव में सीएचसी डोंगरगढ व डोंगरगांव, पीएचसी साल्हेवारा, सरगुजा में यूपीएचसी नवापारा को शामिल किया गया है।
निजी अस्पतालों में बलोद के शहीद अस्पताल, बस्तर के एमपीएम अस्पताल, बिलासपुर में श्रीराम केयर अस्पतालव जन स्वास्थ्य सहयोग गनियारी, दुर्ग में श्री शंकराचार्य इंस्टटयूट ऑफ मेडिकल कालेज, जांजगीर-चांपा में नायक मेटरनिटी एंड सर्जिकल सेंटर, रायगढ़ में ओपी जिंदल अस्पताल एंड रिसर्च सेंटर, रायपुर में बाल्को मेडिकल सेंटर व सरगुजा में होली क्रॉस अस्पताल को प्रशस्ति पत्र प्रदान किया जाएगा।
डॉ. राजीमवाले ने बताया, डॉ. खूबचंद्र बघेल स्वास्थ्य सहायता योजना- आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के तहत 5 लाख तक के मुफ़्त इलाज की सुविधाएं अस्पतालों में प्रदान की जा रही है। मरीजों को केवल अपना राशनकार्ड और आधार कार्ड अथवा ऐसा ही कोई शासकीय पहचान पत्र अस्पताल में इलाज की सुविधाएं मिल रही है।मुख्यमंत्री विशेष सहायता योजना में 50 हजार तक मुफ़्त इलाज की सुविधा पाने केवल राशनकार्ड और कोई एक पहचान पत्र दिखने से इलाज मिल रही है। प्रदेश में पांच लाख तक मुफ़्त इलाज की पात्रता रखने वाले हितग्राहियों की संख्या 56 लाख है और 50,000 रुपए तक मुफ़्त इलाज के हितग्राही 16 लाख हैं। योजना के तहत हितग्राहियों को परेशानी न हो इसके लिए ई-कार्ड(आयुष्मान कार्ड) बनवाने के लिए प्रदेश के 59 शासकीय एवं 19 निजी अस्पतालों में ई-कार्ड निशुल्क बनाकर प्रदान किया जा रहा है।

Author Profile

Amit Mishra
Amit Mishra
अमित मिश्रा ने वर्ष 1984 से पत्रकारिता को अपने कर्मक्षेत्र के रूप में अपनाया और तब से लगातार पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। चार दशकों से अधिक की उनकी यह यात्रा समाचार, समाज और जनसरोकारों से जुड़े मुद्दों को मजबूती से सामने रखने के प्रति उनकी प्रतिबद्धता को दर्शाती है।

Join WhatsApp

Join Now

Join Facebook

Join Now

Leave a Comment